Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 12.74.5: तब राजा कुबेर ने उनका सामना करने के लिए राक्षसों की एक सेना भेजी। उन राक्षसों ने मुचुकुंद की सेनाओं को कुचलना शुरू कर दिया।   |   mahabharat अध्याय 12.74: ब्राह्मण और क्षत्रियके मेलसे लाभका प्रतिपादन करनेवाला मुचुकुन्दका उपाख्यान   ।   mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 12: शान्ति पर्व  »  अध्याय 74: ब्राह्मण और क्षत्रियके मेलसे लाभका प्रतिपादन करनेवाला मुचुकुन्दका उपाख्यान  »  श्लोक 5
 
 
श्लोक  12.74.5 
ततो वैश्रवणो राजा राक्षसानसृजत् तदा।
ते बलान्यवमृद्नन्त मुचुकुन्दस्य नैर्ऋता:॥ ५॥
 
 
अनुवाद
तब राजा कुबेर ने उनका सामना करने के लिए राक्षसों की एक सेना भेजी। उन राक्षसों ने मुचुकुंद की सेनाओं को कुचलना शुरू कर दिया।
 
Then King Kubera sent an army of demons to face them. Those demons began crushing Muchukunda's armies. 5.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)