श्री महाभारत  »  पर्व 12: शान्ति पर्व  »  अध्याय 59: ब्रह्माजीके नीतिशास्त्रका तथा राजा पृथुके चरित्रका वर्णन  »  श्लोक 42
 
 
श्लोक  12.59.42 
जङ्गमाजङ्गमाश्चोक्ताश्चूर्णयोगा विषादय:॥ ४२॥
 
 
अनुवाद
सेना के गुप्त अंग जंगम (सांपों से उत्पन्न) और अजंगम (पेड़-पौधों से उत्पन्न) तथा विष आदि चूर्ण अर्थात् विनाशकारी औषधियाँ हैं ॥42॥
 
The secret parts of the army are Jangam (born from snakes) and Ajangam (born from trees and plants), powders like poison etc. i.e. destructive medicines. 42॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)