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mahabharat 12.41.15: प्रजानाथ! राजा युधिष्ठिर ने सहदेव को सदैव अपने साथ रहने का आदेश दिया था। उसे सभी परिस्थितियों में राजा की रक्षा करने का कार्य सौंपा गया था॥ 15॥   |   mahabharat अध्याय 12.41: राजा युधिष्ठिरका धृतराष्ट्रके अधीन रहकर राज्यकी व्यवस्थाके लिये भाइयों तथा अन्य लोगोंको विभिन्न कार्योंपर नियुक्त करना   ।   mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 12: शान्ति पर्व  »  अध्याय 41: राजा युधिष्ठिरका धृतराष्ट्रके अधीन रहकर राज्यकी व्यवस्थाके लिये भाइयों तथा अन्य लोगोंको विभिन्न कार्योंपर नियुक्त करना  »  श्लोक 15
 
 
श्लोक  12.41.15 
सहदेवं समीपस्थं नित्यमेव समादिशत्।
तेन गोप्यो हि नृपति: सर्वावस्थो विशाम्पते॥ १५॥
 
 
अनुवाद
प्रजानाथ! राजा युधिष्ठिर ने सहदेव को सदैव अपने साथ रहने का आदेश दिया था। उसे सभी परिस्थितियों में राजा की रक्षा करने का कार्य सौंपा गया था॥ 15॥
 
Prajanath! King Yudhishthira ordered Sahadeva to always stay with him. He was entrusted with the task of protecting the king in all situations.॥ 15॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)