Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.361.9: हे ब्रह्मर्षि! मैं वह सर्प हूँ जिससे आप मिलना चाहते हैं। मैं वैसा ही हूँ जैसा आप मुझे जानते हैं। कृपया मुझे अपनी इच्छानुसार आदेश दें कि मैं आपका कौन-सा प्रिय कार्य करूँ?॥9॥ | mahabharat अध्याय 12.361: नागराज और ब्राह्मणका परस्पर मिलन तथा बातचीत । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे ब्रह्मर्षि! मैं वह सर्प हूँ जिससे आप मिलना चाहते हैं। मैं वैसा ही हूँ जैसा आप मुझे जानते हैं। कृपया मुझे अपनी इच्छानुसार आदेश दें कि मैं आपका कौन-सा प्रिय कार्य करूँ?॥9॥
O Brahmarshi! I am the snake whom you want to meet. I am as you know me. Please order me as per your wish, which of your favourite tasks should I do?॥9॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥