श्री महाभारत  »  पर्व 12: शान्ति पर्व  »  अध्याय 349: व्यासजीका सृष्टिके प्रारम्भमें भगवान् नारायणके अंशसे सरस्वतीपुत्र अपान्तरतमाके रूपमें जन्म होनेकी और उनके प्रभावकी कथा  »  श्लोक 60
 
 
श्लोक  12.349.60 
तदेतत् कथितं जन्म मया पूर्वकमात्मन:।
नारायणप्रसादेन तथा नारायणांशजम्॥ ६०॥
 
 
अनुवाद
मैंने नारायण की कृपा से तथा उनके अंश से आप सबको अपने प्रथम जन्म की कथा सुनाई है॥60॥
 
I have narrated to all of you the story of my first birth by the grace of Narayana and from his part.॥ 60॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)