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त्रीन् पिण्डान् न्यस्य वै पृथ्व्यां पूर्वं दत्त्वा कुशानिति।
कथं तु पिण्डसंज्ञां ते पितरो लेभिरे पुरा॥ ११॥
अनुवाद
क्या कारण है कि देवताओं ने पहले पृथ्वी पर कुशा बिछाई और फिर उस पर पितरों के लिए तीन पिण्ड रखकर उनकी पूजा की? पूर्वकाल में पितरों को पिण्ड नाम कैसे प्राप्त हुआ?॥11॥
What is the reason that the gods first spread kusha grass on the earth and then placed three pindas on it for the ancestors and worshipped them? How did the ancestors get the name pinda in the past?॥ 11॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥