Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.300.57: मैंने तुम्हें योग-सम्बन्धी विविध शास्त्रों के सिद्धान्त बताये हैं। योगाभ्यास का प्रत्येक कर्म द्विजों के लिए ही विहित है, अर्थात् केवल उन्हीं को उसे करने का अधिकार है ॥57॥ | mahabharat अध्याय 12.300: सांख्य और योगका अन्तर बतलाते हुए योगमार्गके स्वरूप साधन,फल और प्रभावका वर्णन । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
मैंने तुम्हें योग-सम्बन्धी विविध शास्त्रों के सिद्धान्त बताये हैं। योगाभ्यास का प्रत्येक कर्म द्विजों के लिए ही विहित है, अर्थात् केवल उन्हीं को उसे करने का अधिकार है ॥57॥
I have told you the principles of various scriptures related to Yoga. Every act of practicing Yoga has been prescribed for the twice-born only, i.e. only they have the right to do it. ॥ 57॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥