श्री महाभारत  »  पर्व 12: शान्ति पर्व  »  अध्याय 293: पराशरगीता—शूद्रके लिये सेवावृत्तिकी प्रधानता, सत्संगकी महिमा और चारों वर्णोंके धर्मपालनका महत्त्व  »  श्लोक 10
 
 
श्लोक  12.293.10 
स्वयम्भूरसृजच्चाग्रे धातारं लोकसत्कृतम्।
धातासृजत् पुत्रमेकं लोकानां धारणे रतम्॥ १०॥
 
 
अनुवाद
भगवान ने सर्वप्रथम ब्रह्मा को उत्पन्न किया, जिनकी लोग पूजा करते हैं। ब्रह्मा ने एक पुत्र (पर्जन्य) को जन्म दिया, जो समस्त लोकों को धारण करने के लिए तत्पर है॥10॥
 
God first created Brahma, who is worshipped by the people. Brahma gave birth to a son (Parjanya) who is ready to hold all the worlds.॥ 10॥
 ✨ ai-generated
 
 
  Connect Form
  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
  © 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by acd