Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.29.108: प्रत्येक रथ में स्वर्ण-मालाओं से विभूषित सौ देशी घोड़े थे। प्रत्येक घोड़े में सौ गायें थीं और प्रत्येक गाय में सौ भेड़-बकरियाँ थीं॥108॥ | mahabharat अध्याय 12.29: श्रीकृष्णके द्वारा नारद-सृंजय-संवादके रूपमें सोलह राजाओंका उपाख्यान संक्षेपमें सुनाकर युधिष्ठिरके शोकनिवारणका प्रयत्न । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
प्रत्येक रथ में स्वर्ण-मालाओं से विभूषित सौ देशी घोड़े थे। प्रत्येक घोड़े में सौ गायें थीं और प्रत्येक गाय में सौ भेड़-बकरियाँ थीं॥108॥
‘Each chariot had a hundred indigenous horses adorned with golden garlands. Each horse had a hundred cows, and each cow had a hundred sheep and goats.॥ 108॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥