Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.288.1: युधिष्ठिर ने पूछा - पितामह! मेरे जैसा राजा किस प्रकार साधन और आचरण से सुसज्जित होकर पृथ्वी पर विचरण कर सकता है तथा किन गुणों से युक्त होकर वह सदा मोह के बंधन से मुक्त रहे? 1॥ | mahabharat अध्याय 12.288: अरिष्टनेमिका राजा सगरको वैराग्योत्पादक मोक्षविषयक उपदेश । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
युधिष्ठिर ने पूछा - पितामह! मेरे जैसा राजा किस प्रकार साधन और आचरण से सुसज्जित होकर पृथ्वी पर विचरण कर सकता है तथा किन गुणों से युक्त होकर वह सदा मोह के बंधन से मुक्त रहे? 1॥
Yudhishthir asked – Grandfather! How can a king like me roam on earth equipped with resources and behavior and with what qualities should he always be free from the bondage of attachment? 1॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥