Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.284.148-149: आप काम, बिन्दु, अनु (सूक्ष्म) और स्थूल रूप हैं। आपको कनेर के पुष्प की माला अधिक प्रिय है। आप नान्दीमुख, भीममुख (भयानक मुख), सुमुख, दुर्मुख, अमुख (बिना मुख वाला), चतुर्मुख, बहुमुख और अग्निमुख (अग्नि के समान मुख) हैं, क्योंकि आप युद्ध में शत्रुओं का संहार करते हैं। आप हिरण्यगर्भ (ब्रह्मा), शकुनि (पक्षी के समान अंग वाले), शेषनाग और विराट हैं। 148-149 | mahabharat अध्याय 12.284: पार्वतीके रोष एवं खेदका निवारण करनेके लिये भगवान् शिवके द्वारा दक्षयज्ञका विध्वंस, दक्षद्वारा किये हुए शिवसहस्रनामस्तोत्रसे संतुष्ट होकर महादेवजीका उन्हें वरदान देना तथा इस स्तोत्रकी महिमा । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
आप काम, बिन्दु, अनु (सूक्ष्म) और स्थूल रूप हैं। आपको कनेर के पुष्प की माला अधिक प्रिय है। आप नान्दीमुख, भीममुख (भयानक मुख), सुमुख, दुर्मुख, अमुख (बिना मुख वाला), चतुर्मुख, बहुमुख और अग्निमुख (अग्नि के समान मुख) हैं, क्योंकि आप युद्ध में शत्रुओं का संहार करते हैं। आप हिरण्यगर्भ (ब्रह्मा), शकुनि (पक्षी के समान अंग वाले), शेषनाग और विराट हैं। 148-149
You are Kaam, Bindu, Anu (subtle) and gross form. You like the garland of oleander flower more. You are Nandimukh, Bhimmukh (terrifying faced), Sumukh, Durmukh, Amukh (faceless), Chaturmukh, Bahumukh and Agnimukh (face like fire) because you kill the enemy during war. You are Hiranyagarbha (Brahma), Shakuni (one with a limb like a bird), the lord of great snakes (Sheshnag) and Virat. 148-149.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥