Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.28.31: विद्वान पुरुष शिकार, जुआ, स्त्रियों का संग और मदिरापान की कड़ी निंदा करते हैं, किन्तु अनेक शास्त्रों का श्रवण और अध्ययन करने वाले पुरुष भी इन पापकर्मों में लिप्त देखे जाते हैं। | mahabharat अध्याय 12.28: अश्मा ऋषि और जनकके संवादद्वारा प्रारब्धकी प्रबलता बतलाते हुए व्यासजीका युधिष्ठिरको समझाना । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
विद्वान पुरुष शिकार, जुआ, स्त्रियों का संग और मदिरापान की कड़ी निंदा करते हैं, किन्तु अनेक शास्त्रों का श्रवण और अध्ययन करने वाले पुरुष भी इन पापकर्मों में लिप्त देखे जाते हैं।
Learned men strongly condemn the activities of hunting, gambling, keeping company with women and drinking alcohol, but even men who have heard and studied many scriptures are seen engaging in these sinful acts.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥