Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.262.8: हे विप्रर्षे! मेरे यहाँ मदिरा नहीं बिकती। इसके अतिरिक्त मैं दूसरों से अनेक पेय-रस खरीदकर बेचता हूँ। मैं माल बेचते समय छल, कपट या झूठ का प्रयोग नहीं करता। ॥8॥ | mahabharat अध्याय 12.262: जाजलि और तुलाधारका धर्मके विषयमें संवाद । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे विप्रर्षे! मेरे यहाँ मदिरा नहीं बिकती। इसके अतिरिक्त मैं दूसरों से अनेक पेय-रस खरीदकर बेचता हूँ। मैं माल बेचते समय छल, कपट या झूठ का प्रयोग नहीं करता। ॥8॥
O Viprarshe! Liquor is not sold at my place. Apart from that, I buy many drinkable juices from others and sell them. I do not use deception, fraud or lies while selling the goods. ॥ 8॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥