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mahabharat 12.224.41: हे देवराज! आप बारह महापुरुषों का तेज मैंने ही धारण किया था, जो आदित्य कहलाते हैं॥41॥   |   mahabharat अध्याय 12.224: बलि और इन्द्रका संवाद, बलिके द्वारा कालकी प्रबलताका प्रतिपादन करते हुए इन्द्रको फटकारना   ।   mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  12.224.41 
द्वादशानां तु भवतामादित्यानां महात्मनाम्।
तेजांस्येकेन सर्वेषां देवराज धृतानि मे॥ ४१॥
 
 
अनुवाद
हे देवराज! आप बारह महापुरुषों का तेज मैंने ही धारण किया था, जो आदित्य कहलाते हैं॥41॥
 
O King of gods! I alone had absorbed the brilliance of all of you twelve great souls who are known as Adityas. ॥ 41॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)