Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.170.11: यह सुनकर राजा धर्म प्रसन्न हो गए और बोले, 'हे श्रेष्ठ ब्राह्मण! अब आप वहाँ जाने के लिए व्याकुल न हों, आपका कार्य यहीं हो जाएगा। आप यहाँ से धन लेकर अपने घर जा सकते हैं।' | mahabharat अध्याय 12.170: गौतमका राजधर्माद्वारा आतिथ्यसत्कार और उसका राक्षसराज विरूपाक्षके भवनमें प्रवेश । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
यह सुनकर राजा धर्म प्रसन्न हो गए और बोले, 'हे श्रेष्ठ ब्राह्मण! अब आप वहाँ जाने के लिए व्याकुल न हों, आपका कार्य यहीं हो जाएगा। आप यहाँ से धन लेकर अपने घर जा सकते हैं।'
Hearing this, the king's religion became happy and said, 'O great Brahmin! Now don't be anxious to go there, your work will be done here. You can take the money from here and go to your home. 11.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥