Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.152.19: हे मनुष्यों के स्वामी! आप ब्राह्मणों को प्रसन्न करने के लिए सम्पूर्ण पृथ्वी पर शासन करें। जैसे आपने पहले इन ब्राह्मणों को दोषी ठहराया था, वैसे ही अपने अच्छे आचरण से उन्हें प्रसन्न करें॥19॥ | mahabharat अध्याय 12.152: इन्द्रोतका जनमेजयको धर्मोपदेश करके उनसे अश्वमेधयज्ञका अनुष्ठान कराना तथा निष्पाप राजाका पुन: अपने राज्यमें प्रवेश । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे मनुष्यों के स्वामी! आप ब्राह्मणों को प्रसन्न करने के लिए सम्पूर्ण पृथ्वी पर शासन करें। जैसे आपने पहले इन ब्राह्मणों को दोषी ठहराया था, वैसे ही अपने अच्छे आचरण से उन्हें प्रसन्न करें॥19॥
O Lord of men! You should rule the entire earth to make the brahmins happy. Just as you had earlier blamed these brahmins, please them with your good behaviour.॥ 19॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥