Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.15.31: ब्रह्माजी ने यह सत्य पहले ही कह दिया है कि विधिपूर्वक प्रयुक्त किया हुआ दण्ड प्रजा की रक्षा करता है। देखो, जब अग्नि बुझने लगती है, तो वह दण्ड के प्रहार से भयभीत हो जाती है और दण्ड के भय से पुनः जलने लगती है। 31। | mahabharat अध्याय 12.15: अर्जुनके द्वारा राजदण्डकी महत्ताका वर्णन । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
ब्रह्माजी ने यह सत्य पहले ही कह दिया है कि विधिपूर्वक प्रयुक्त किया हुआ दण्ड प्रजा की रक्षा करता है। देखो, जब अग्नि बुझने लगती है, तो वह दण्ड के प्रहार से भयभीत हो जाती है और दण्ड के भय से पुनः जलने लगती है। 31।
Brahmaji has already told this truth that a properly used stick protects the subjects. See, when the fire starts to die out, it gets scared by the blow of a blow and starts burning again due to the fear of the stick. 31.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥