Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.139.81: परंतु जो पुरुष आसक्तिवश नियत आहार का परित्याग कर देता है और परिणाम का विचार किए बिना अस्वास्थ्यकर भोजन करता है, उसका जीवन वहीं समाप्त हो जाता है ॥ 81॥ | mahabharat अध्याय 12.139: शत्रुसे सदा सावधान रहनेके विषयमें राजा ब्रह्मदत्त और पूजनी चिड़ियाका संवाद । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
परंतु जो पुरुष आसक्तिवश नियत आहार का परित्याग कर देता है और परिणाम का विचार किए बिना अस्वास्थ्यकर भोजन करता है, उसका जीवन वहीं समाप्त हो जाता है ॥ 81॥
But he who, out of attachment, abandons the prescribed diet and eats unhealthy food without thinking of the consequences, his life ends there and then. ॥ 81॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥