Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 12.11.8: ऋषि बोले - पक्षी! हम इसी मार्ग पर चल रहे हैं, क्योंकि हमारा विश्वास है कि यही सर्वोत्तम और कल्याणकारी मार्ग है। अपनी दृष्टि में हमें श्रेष्ठ धर्म बताइए। हमें आपके वचनों पर अधिक विश्वास है।॥8॥ | mahabharat अध्याय 12.11: अर्जुनका पक्षिरूपधारी इन्द्र और ऋषिबालकोंके संवादका उल्लेखपूर्वक गृहस्थ-धर्मके पालनपर जोर देना । mahabharat पर्व 12: शान्ति पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
ऋषि बोले - पक्षी! हम इसी मार्ग पर चल रहे हैं, क्योंकि हमारा विश्वास है कि यही सर्वोत्तम और कल्याणकारी मार्ग है। अपनी दृष्टि में हमें श्रेष्ठ धर्म बताइए। हमें आपके वचनों पर अधिक विश्वास है।॥8॥
The sage said - Bird! We are following this path because we believe that this is the best and most beneficial way. Tell us the best Dharma in your view. We have more faith in your words. ॥ 8॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥