श्री महाभारत  »  पर्व 11: स्त्री पर्व  »  अध्याय 9: धृतराष्ट्रका शोकातुर हो जाना और विदुरजीका उन्हें पुन: शोकनिवारणके लिये उपदेश  »  श्लोक 16
 
 
श्लोक  11.9.16 
एकसार्थप्रयातानां सर्वेषां तत्र गामिनाम्।
यस्य काल: प्रयात्यग्रे तत्र का परिदेवना॥ १६॥
 
 
अनुवाद
‘एक साथ आने वाले सभी प्राणियों को एक दिन उसी स्थान पर लौटना ही पड़ता है। जिसका समय आ गया है, वही पहले जाता है; फिर उसके लिए व्यर्थ शोक क्यों करते हो?॥16॥
 
‘All the beings who come together have to go back to the same place one day. The one whose time has come, goes first; then why grieve for him in vain?॥ 16॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)