Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 11.23.14: संसार में वीरता और बल में उसकी बराबरी करने वाला कोई नहीं है। युद्ध में भयंकर कर्म करने वाले भीष्म घायल होकर बाणों की शय्या पर लेटे हुए हैं ॥14॥ | mahabharat अध्याय 11.23: शल्य, भगदत्त, भीष्म और द्रोणको देखकर श्रीकृष्णके सम्मुख गान्धारीका विलाप । mahabharat पर्व 11: स्त्री पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
यस्य नास्ति समो लोके शौर्ये वीर्ये च कश्चन।
स एष निहत: शेते भीष्मो भीष्मकृताहवे॥ १४॥
अनुवाद
संसार में वीरता और बल में उसकी बराबरी करने वाला कोई नहीं है। युद्ध में भयंकर कर्म करने वाले भीष्म घायल होकर बाणों की शय्या पर लेटे हुए हैं ॥14॥
There is no one in the world who can equal him in valour and strength. Bhishma, who performed terrible deeds in the war, is wounded and lying on a bed of arrows. ॥ 14॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥