Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 10.8.113-114h: हे भरतश्रेष्ठ! वहाँ की भूमि चिल्लाते हुए मनुष्यों, घोड़ों और बड़े-बड़े हाथियों से भरी हुई थी, जो बुरी तरह घायल होकर भूमि पर गिर पड़े थे। | mahabharat अध्याय 10.8: अश्वत्थामाके द्वारा रात्रिमें सोये हुए पांचाल आदि समस्त वीरोंका संहार तथा फाटकसे निकलकर भागते हुए योद्धाओंका कृतवर्मा और कृपाचार्य द्वारा वध । mahabharat पर्व 10: सौप्तिक पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे भरतश्रेष्ठ! वहाँ की भूमि चिल्लाते हुए मनुष्यों, घोड़ों और बड़े-बड़े हाथियों से भरी हुई थी, जो बुरी तरह घायल होकर भूमि पर गिर पड़े थे।
O best of the Bharatas! The ground there was covered with screaming men, horses and large elephants, who had fallen on the ground very badly wounded. 113 1/2
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥