Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.97.29: उसे देखते ही राजा शांतनु का शरीर रोमांच से भर गया, वे उसकी सुन्दरता पर आश्चर्यचकित हो गये और अपनी दोनों आँखों से उसकी सुन्दरता का अमृत पीने से तृप्त नहीं हो सके। | mahabharat अध्याय 1.97: राजा प्रतीपका गंगाको पुत्रवधूके रूपमें स्वीकार करना और शान्तनुका जन्म, राज्याभिषेक तथा गंगासे मिलना । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
उसे देखते ही राजा शांतनु का शरीर रोमांच से भर गया, वे उसकी सुन्दरता पर आश्चर्यचकित हो गये और अपनी दोनों आँखों से उसकी सुन्दरता का अमृत पीने से तृप्त नहीं हो सके।
On seeing her, King Shantanu's body was filled with thrills, he was astonished at her beauty and he could not get enough of drinking the nectar of her beauty with both his eyes.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥