Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.95.68: भीष्म और धृतराष्ट्र के स्वीकार करने पर पाण्डवों ने उन्हें अपने पिता की मृत्यु का समाचार सुनाया, जिसके बाद पिता का अर्धशरीर समाप्त करके पाण्डव वहीं रहने लगे। दुर्योधन बचपन से ही पाण्डवों के साथ रहना सहन नहीं कर सकता था ॥68॥ | mahabharat अध्याय 1.95: दक्ष प्रजापतिसे लेकर पूरुवंश, भरतवंश एवं पाण्डुवंशकी परम्पराका वर्णन । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
भीष्म और धृतराष्ट्र के स्वीकार करने पर पाण्डवों ने उन्हें अपने पिता की मृत्यु का समाचार सुनाया, जिसके बाद पिता का अर्धशरीर समाप्त करके पाण्डव वहीं रहने लगे। दुर्योधन बचपन से ही पाण्डवों के साथ रहना सहन नहीं कर सकता था ॥68॥
After being accepted by Bhishma and Dhritarashtra, the Pandavas told them the news of their father's death, after which after completing the half-dead body of their father, the Pandavas started living there. Duryodhana could not bear to live with the Pandavas since his childhood. 68॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥