श्री महाभारत  »  पर्व 1: आदि पर्व  »  अध्याय 94: पूरुवंशका वर्णन  »  श्लोक 13
 
 
श्लोक  1.94.13 
अनाधृष्टिसुतस्त्वासीद् राजसूयाश्वमेधकृत्।
मतिनार इति ख्यातो राजा परमधार्मिक:॥ १३॥
 
 
अनुवाद
अनादृष्टि के पुत्र का नाम मतिनर था । राजा मतिनर राजसूय और अश्वमेध यज्ञ करने वाले तथा बड़े धार्मिक पुरुष थे । 13॥
 
Anadhrishti's son's name was Matinar. King Matinar was a person who performed Rajasuya and Ashwamedha Yagya and was a very religious person. 13॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)