Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.71.39: जिनके प्रभाव से यमराज, चंद्रमा, महर्षिगण, साध्यगण, विश्वेदेव तथा समस्त बालखिल्य ऋषि बेचैन रहते हैं, उन विश्वामित्र मुनि से मेरे जैसी स्त्री कैसे नहीं डरेगी? 39॥ | mahabharat अध्याय 1.71: राजा दुष्यन्तका शकुन्तलाके साथ वार्तालाप, शकुन्तलाके द्वारा अपने जन्मका कारण बतलाना तथा उसी प्रसंगमें विश्वामित्रकी तपस्यासे इन्द्रका चिन्तित होकर मेनकाको मुनिका तपोभंग करनेके लिये भेजना । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जिनके प्रभाव से यमराज, चंद्रमा, महर्षिगण, साध्यगण, विश्वेदेव तथा समस्त बालखिल्य ऋषि बेचैन रहते हैं, उन विश्वामित्र मुनि से मेरे जैसी स्त्री कैसे नहीं डरेगी? 39॥
How will a woman like me not be afraid of Vishwamitra Muni, under whose influence Yamraj, Chandrama, Maharshigan, Sadhyagan, Vishvedev and all the Balkhilya Rishis remain uneasy? 39॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥