Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.63.86: इस प्रकार महर्षि पराशर द्वारा सत्यवती के गर्भ से द्वैपायन व्यासजी का जन्म हुआ। उन्हें बाल्यकाल में ही यमुना के द्वीप में छोड़ दिया गया था, इसलिए वे 'द्वैपायन' नाम से प्रसिद्ध हुए ॥86॥ | mahabharat अध्याय 1.63: राजा उपरिचरका चरित्र तथा सत्यवती, व्यासादि प्रमुख पात्रोंकी संक्षिप्त जन्मकथा । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
एवं द्वैपायनो जज्ञे सत्यवत्यां पराशरात्।
न्यस्तो द्वीपे स यद् बालस्तस्माद् द्वैपायन: स्मृत:॥ ८६॥
अनुवाद
इस प्रकार महर्षि पराशर द्वारा सत्यवती के गर्भ से द्वैपायन व्यासजी का जन्म हुआ। उन्हें बाल्यकाल में ही यमुना के द्वीप में छोड़ दिया गया था, इसलिए वे 'द्वैपायन' नाम से प्रसिद्ध हुए ॥86॥
In this way, Dwaipayan Vyasji was born from the womb of Satyavati by Maharishi Parashar. He was abandoned in the island of Yamuna in his childhood, hence he became famous by the name ‘Dwaipayan’. 86॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥