Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 1.216.23: इस प्रकार उन पवित्र स्थानों को शुद्ध करके तथा अप्सराओं को जाने की अनुमति देकर, शक्तिशाली अर्जुन पुनः चित्रांगदा से मिलने मणिपुर गये।   |   mahabharat अध्याय 1.216: वर्गाकी प्रार्थनासे अर्जुनका शेष चारों अप्सराओंको भी शापमुक्त करके मणिपूर जाना और चित्रांगदासे मिलकर गोकर्णतीर्थको प्रस्थान करना   ।   mahabharat पर्व 1: आदि पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 1: आदि पर्व  »  अध्याय 216: वर्गाकी प्रार्थनासे अर्जुनका शेष चारों अप्सराओंको भी शापमुक्त करके मणिपूर जाना और चित्रांगदासे मिलकर गोकर्णतीर्थको प्रस्थान करना  »  श्लोक 23
 
 
श्लोक  1.216.23 
तीर्थानि शोधयित्वा तु तथानुज्ञाय ता: प्रभु:।
चित्राङ्गदां पुनर्द्रष्टुं मणिपूरं पुनर्ययौ॥ २३॥
 
 
अनुवाद
इस प्रकार उन पवित्र स्थानों को शुद्ध करके तथा अप्सराओं को जाने की अनुमति देकर, शक्तिशाली अर्जुन पुनः चित्रांगदा से मिलने मणिपुर गये।
 
Having thus purified those sacred places and permitted the Apsaras to leave, the powerful Arjuna again went to Manipur to meet Chitrangada.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)