Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.21.3: कुछ दूर जाने पर उन्हें रास्ते में समुद्र दिखाई दिया, जो बहुत बड़ा और पानी से भरा हुआ था। लेकिन जलीय जीव उसे परेशान कर रहे थे और वह बहुत ज़ोर से दहाड़ रहा था। | mahabharat अध्याय 1.21: समुद्रका विस्तारसे वर्णन । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
ददृशातेऽथ ते तत्र समुद्रं निधिमम्भसाम्।
महान्तमुदकागाधं क्षोभ्यमाणं महास्वनम्॥ ३॥
अनुवाद
कुछ दूर जाने पर उन्हें रास्ते में समुद्र दिखाई दिया, जो बहुत बड़ा और पानी से भरा हुआ था। लेकिन जलीय जीव उसे परेशान कर रहे थे और वह बहुत ज़ोर से दहाड़ रहा था।
After going some distance, they saw the ocean on the way, which was huge and filled with water. But the aquatic animals were disturbing it and it was roaring very loudly. 3.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥