Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.209.23: सर्वत्र हाहाकार मच गया, भय से चीख-पुकार मच गई। बाजारों में क्रय-विक्रय बंद हो गया। धार्मिक कार्य बंद हो गए। पुण्य और विवाह संस्कार त्याग दिए गए॥23॥ | mahabharat अध्याय 1.209: सुन्द और उपसुन्दद्वारा क्रूरतापूर्ण कर्मोंसे त्रिलोकीपर विजय प्राप्त करना । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हाहाभूता भयार्ता च निवृत्तविपणापणा।
निवृत्तदेवकार्या च पुण्योद्वाहविवर्जिता॥ २३॥
अनुवाद
सर्वत्र हाहाकार मच गया, भय से चीख-पुकार मच गई। बाजारों में क्रय-विक्रय बंद हो गया। धार्मिक कार्य बंद हो गए। पुण्य और विवाह संस्कार त्याग दिए गए॥23॥
There was chaos everywhere, cries of fear could be heard. There was no buying and selling in the markets. The religious activities stopped. Punya and marriage rituals were abandoned.॥23॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥