Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 1.199.27: हे जनमेजय! तदनन्तर दुर्योधन और कर्ण धृतराष्ट्र के पास आये और ये बोले-॥ 27॥   |   mahabharat अध्याय 1.199: पाण्डवोंके विवाहसे दुर्योधन आदिकी चिन्ता, धृतराष्ट्रका पाण्डवोंके प्रति प्रेमका दिखावा और दुर्योधनकी कुमन्त्रणा   ।   mahabharat पर्व 1: आदि पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 1: आदि पर्व  »  अध्याय 199: पाण्डवोंके विवाहसे दुर्योधन आदिकी चिन्ता, धृतराष्ट्रका पाण्डवोंके प्रति प्रेमका दिखावा और दुर्योधनकी कुमन्त्रणा  »  श्लोक 27
 
 
श्लोक  1.199.27 
ततो दुर्योधनश्चापि राधेयश्च विशाम्पते।
धृतराष्ट्रमुपागम्य वचोऽब्रूतामिदं तदा॥ २७॥
 
 
अनुवाद
हे जनमेजय! तदनन्तर दुर्योधन और कर्ण धृतराष्ट्र के पास आये और ये बोले-॥ 27॥
 
O Janamejaya! Thereafter Duryodhana and Karna came to Dhritarashtra and said the following -॥ 27॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)