Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 1.193.2: ये रथ स्वर्ण कमलों से सुशोभित हैं और राजा की सवारी के लिए उपयुक्त हैं। इन्हें उत्तम घोड़ों द्वारा खींचा जाता है। आप सभी इन पर सवार होकर राजा द्रुपद के महल की ओर चलें।   |   mahabharat अध्याय 1.193: पाण्डवों और कुन्तीका द्रुपदके घरमें जाकर सम्मानित होना और राजा द्रुपदद्वारा पाण्डवोंके शील-स्वभावकी परीक्षा   ।   mahabharat पर्व 1: आदि पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 1: आदि पर्व  »  अध्याय 193: पाण्डवों और कुन्तीका द्रुपदके घरमें जाकर सम्मानित होना और राजा द्रुपदद्वारा पाण्डवोंके शील-स्वभावकी परीक्षा  »  श्लोक 2
 
 
श्लोक  1.193.2 
इमे रथा: काञ्चनपद्मचित्रा:
सदश्वयुक्ता वसुधाधिपार्हा:।
एतान् समारुह्य समेत सर्वे
पाञ्चालराजस्य निवेशनं तत्॥ २॥
 
 
अनुवाद
ये रथ स्वर्ण कमलों से सुशोभित हैं और राजा की सवारी के लिए उपयुक्त हैं। इन्हें उत्तम घोड़ों द्वारा खींचा जाता है। आप सभी इन पर सवार होकर राजा द्रुपद के महल की ओर चलें।
 
These chariots are decorated with golden lotuses and are fit for a king to ride on. They are drawn by excellent horses. All of you may ride on them and proceed to the palace of King Drupada.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)