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यज्ञसेनस्य च सुतां स्वयंवरकृतक्षणाम्।
गच्छामो वै वयं द्रष्टुं तं च दिव्यं महोत्सवम्॥ ११॥
अनुवाद
यज्ञसेन की पुत्री द्रौपदी का स्वयंवर निश्चित हो गया है। अतः हम उस राजकुमारी और उस स्वयंवर के दिव्य उत्सव को देखने के लिए वहाँ जा रहे हैं।
The swayamvara of Yajnasena's daughter Draupadi has been fixed. Therefore, we are going there to see that princess and the divine festival of that swayamvara. 11.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥