Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.176.35: गन्धर्व कहते हैं- कुन्तीनन्दन! तब सत्यनिष्ठा की प्रतिज्ञा करने वाले विप्रवर वसिष्ठ ने महाधनुर्धर राजा कल्माषपाद से कहा- 'मैं तुम्हें ऐसा ही पुत्र दूँगा'॥35॥ | mahabharat अध्याय 1.176: कल्माषपादका शापसे उद्धार और वसिष्ठजीके द्वारा उन्हें अश्मक नामक पुत्रकी प्राप्ति । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
गन्धर्व कहते हैं- कुन्तीनन्दन! तब सत्यनिष्ठा की प्रतिज्ञा करने वाले विप्रवर वसिष्ठ ने महाधनुर्धर राजा कल्माषपाद से कहा- 'मैं तुम्हें ऐसा ही पुत्र दूँगा'॥35॥
Gandharva says- Kuntinandan! Then Vipravar Vasistha, who had vowed to be truthful, said in reply to the great archer king Kalmashapada - 'I will give you a similar son'. 35॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥