Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.163.12-13: राजा ! उसने एकचक्रा नगर में जाकर यह समाचार सारे नगर में फैला दिया; तब स्त्रियों, बालकों और वृद्धों सहित हजारों लोग बकासुर को देखने के लिए वहाँ आये। उस समय उस अमानवीय कृत्य को देखकर सभी को बड़ा आश्चर्य हुआ। जनमेजय ! उन सभी लोगों ने देवताओं की आराधना की। 12-13. | mahabharat अध्याय 1.163: बकासुरके वधसे राक्षसोंका भयभीत होकर पलायन और नगरनिवासियोंकी प्रसन्नता । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
राजा ! उसने एकचक्रा नगर में जाकर यह समाचार सारे नगर में फैला दिया; तब स्त्रियों, बालकों और वृद्धों सहित हजारों लोग बकासुर को देखने के लिए वहाँ आये। उस समय उस अमानवीय कृत्य को देखकर सभी को बड़ा आश्चर्य हुआ। जनमेजय ! उन सभी लोगों ने देवताओं की आराधना की। 12-13.
King! He went to the city of Ekachakra and spread this news throughout the city; then thousands of people including women, children and old people came there to see Bakasura. At that time everyone was very surprised to see that inhuman act. Janamejaya! All those people worshiped the gods. 12-13.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥