श्री महाभारत  »  पर्व 1: आदि पर्व  »  अध्याय 152: हिडिम्बका आना, हिडिम्बाका उससे भयभीत होना और भीम तथा हिडिम्बासुरका युद्ध  »  श्लोक 10
 
 
श्लोक  1.152.10 
विक्रमं मे यथेन्द्रस्य साद्य द्रक्ष्यसि शोभने।
मावमंस्था: पृथुश्रोणि मत्वा मामिह मानुषम्॥ १०॥
 
 
अनुवाद
हे सुन्दरी! मेरा पराक्रम इन्द्र के समान है, जिसे तुम शीघ्र ही देख लोगी। हे विशाल नितम्बों वाली राक्षसी! मुझे मनुष्य समझकर यहाँ मेरा अपमान मत करो॥10॥
 
O beautiful one! My prowess is like that of Indra, which you will see soon. O demoness with huge buttocks! Do not insult me here thinking that I am a human being.॥10॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)