Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 1.138.16: इस प्रकार यह समाचार स्वतः ही पृथ्वीपर्यन्त समुद्रपर्यन्त फैल गया कि संसार में अर्जुन के समान दूसरा कोई धनुर्धर नहीं है॥16॥   |   mahabharat अध्याय 1.138: युधिष्ठिरका युवराजपदपर अभिषेक, पाण्डवोंके शौर्य, कीर्ति और बलके विस्तारसे धृतराष्ट्रको चिन्ता   ।   mahabharat पर्व 1: आदि पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 1: आदि पर्व  »  अध्याय 138: युधिष्ठिरका युवराजपदपर अभिषेक, पाण्डवोंके शौर्य, कीर्ति और बलके विस्तारसे धृतराष्ट्रको चिन्ता  »  श्लोक 16
 
 
श्लोक  1.138.16 
स्वभावादगमच्छब्दो महीं सागरमेखलाम्।
अर्जुनस्य समो लोके नास्ति कश्चिद् धनुर्धर:॥ १६॥
 
 
अनुवाद
इस प्रकार यह समाचार स्वतः ही पृथ्वीपर्यन्त समुद्रपर्यन्त फैल गया कि संसार में अर्जुन के समान दूसरा कोई धनुर्धर नहीं है॥16॥
 
In this manner the news automatically spread all over the earth up to the sea that in the world there was no other archer like Arjuna.॥ 16॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)