Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.134.2: कोई कहते, ‘अहा! वीर कुरुराज कैसा अद्भुत पराक्रम दिखा रहे हैं।’ दूसरे कहते, ‘वाह! भीमसेन बड़े जोर से प्रहार कर रहे हैं।’ इस प्रकार बातें करने वाले लोगों की ऊँची आवाजें सहसा सर्वत्र गूँजने लगीं॥2॥ | mahabharat अध्याय 1.134: भीमसेन, दुर्योधन तथा अर्जुनके द्वारा अस्त्र-कौशलका प्रदर्शन । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
ही वीर कुरुराजेति ही भीम इति जल्पताम्।
पुरुषाणां सुविपुला: प्रणादा: सहसोत्थिता:॥ २॥
अनुवाद
कोई कहते, ‘अहा! वीर कुरुराज कैसा अद्भुत पराक्रम दिखा रहे हैं।’ दूसरे कहते, ‘वाह! भीमसेन बड़े जोर से प्रहार कर रहे हैं।’ इस प्रकार बातें करने वाले लोगों की ऊँची आवाजें सहसा सर्वत्र गूँजने लगीं॥2॥
Some would say, 'Oh! What wonderful valour the valiant Kuru king is displaying.' Others would say, 'Wow! Bhimasena hits with great force.' The loud voices of people talking like this suddenly began to echo everywhere.॥ 2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥