Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 1.131.6: द्रोण बोले - भोले राजकुमारों! मेरी एक कार्य करने की इच्छा है। अस्त्र-शस्त्र की शिक्षा प्राप्त करने के बाद, तुम सबको मेरी यह इच्छा पूरी करनी होगी। इस विषय में तुम्हारे क्या विचार हैं, मुझे बताओ।   |   mahabharat अध्याय 1.131: द्रोणाचार्यद्वारा राजकुमारोंकी शिक्षा, एकलव्यकी गुरुभक्ति तथा आचार्यद्वारा शिष्योंकी परीक्षा   ।   mahabharat पर्व 1: आदि पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 1: आदि पर्व  »  अध्याय 131: द्रोणाचार्यद्वारा राजकुमारोंकी शिक्षा, एकलव्यकी गुरुभक्ति तथा आचार्यद्वारा शिष्योंकी परीक्षा  »  श्लोक 6
 
 
श्लोक  1.131.6 
द्रोण उवाच
कार्यं मे काङ्क्षितं किंचिद्‍धृदि सम्परिवर्तते।
कृतास्त्रैस्तत् प्रदेयं मे तदेतद् वदतानघा:॥ ६॥
 
 
अनुवाद
द्रोण बोले - भोले राजकुमारों! मेरी एक कार्य करने की इच्छा है। अस्त्र-शस्त्र की शिक्षा प्राप्त करने के बाद, तुम सबको मेरी यह इच्छा पूरी करनी होगी। इस विषय में तुम्हारे क्या विचार हैं, मुझे बताओ।
 
Drona said - Innocent princes! I have a desire to do a task. After getting training in weapons, you all will have to fulfill my desire. Tell me what are your thoughts on this matter.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)