शरद्वान ज्ञान में बहुत ही उन्नत थे और उनमें तप की भी प्रबल शक्ति थी, इसलिए वे महामुनि अत्यंत धैर्य के साथ अपनी मर्यादा में ही रहे॥10॥
Sharadvan was very advanced in knowledge and also had a strong power of penance. Therefore, that great sage remained within his limits with utmost patience. 10॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥