Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.108.7: सभी लोग अहंकार और क्रोध से मुक्त थे और लोभ से दूर थे; सभी एक-दूसरे को प्रसन्न रखने का प्रयास करते थे। लोगों के आचरण और व्यवहार में धर्म सबसे महत्वपूर्ण कारक था। | mahabharat अध्याय 1.108: धृतराष्ट्र आदिके जन्म तथा भीष्मजीके धर्मपूर्ण शासनसे कुरुदेशकी सर्वांगीण उन्नतिका दिग्दर्शन । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
सभी लोग अहंकार और क्रोध से मुक्त थे और लोभ से दूर थे; सभी एक-दूसरे को प्रसन्न रखने का प्रयास करते थे। लोगों के आचरण और व्यवहार में धर्म सबसे महत्वपूर्ण कारक था।
All people were free from pride and anger and were away from greed; everyone tried to keep each other happy. Religion was the most important factor in people's conduct and behaviour. 7.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥