Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.105.28: वही बालक विदुर था, जो श्रीकृष्ण द्वैपायन व्यास का पुत्र था। एक ही पिता होने के कारण वह राजा धृतराष्ट्र और महात्मा पण्डित का भाई था॥28॥ | mahabharat अध्याय 1.105: व्यासजीके द्वारा विचित्रवीर्यके क्षेत्रसे धृतराष्ट्र, पाण्डु और विदुरकी उत्पत्ति । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
स जज्ञे विदुरो नाम कृष्णद्वैपायनात्मज:।
धृतराष्ट्रस्य वै भ्राता पाण्डोश्चैव महात्मन:॥ २८॥
अनुवाद
वही बालक विदुर था, जो श्रीकृष्ण द्वैपायन व्यास का पुत्र था। एक ही पिता होने के कारण वह राजा धृतराष्ट्र और महात्मा पण्डित का भाई था॥28॥
The same boy was Vidur, who was the son of Sri Krishna Dwaipayana Vyasa. Having the same father, he was the brother of King Dhritarashtra and Mahatma Pand.॥28॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥