| श्री चैतन्य चरितामृत » लीला 2: मध्य लीला » अध्याय 10: महाप्रभु का जगन्नाथ पुरी लौट आना » श्लोक 73 |
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| | | | श्लोक 2.10.73  | एक - जन याइ’ कहुक्शुभ समाचार ।
प्रभु कहे, - सेइ कर, ये इच्छा तोमार ॥73॥ | | | | | | | अनुवाद | | "एक व्यक्ति बंगाल जाकर उन्हें आपके जगन्नाथपुरी लौटने का शुभ समाचार सुनाए।" यह सुनकर श्री चैतन्य महाप्रभु ने उत्तर दिया, "आप जो भी निर्णय लें, करें।" यह सुनकर श्री चैतन्य महाप्रभु ने उत्तर दिया, "आप जो भी निर्णय लें, करें।" | | | | “Let someone go to Bengal and give them the good news of your return to Jagannatha Puri.” Hearing this, Sri Chaitanya Mahaprabhu said, “You people may decide whatever you wish.” | | ✨ ai-generated | | |
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