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श्लोक 130
श्लोक
1.5.130
केहो कहे, कृष्ण क्षीरोद - शायी अवतार ।
असम्भव नहे, सत्य वचन सबार ॥130॥
अनुवाद
कुछ लोग भगवान कृष्ण को भगवान क्षीरोदकशायी का अवतार कहते हैं। ये सभी नाम सत्य हैं; कुछ भी असंभव नहीं है।
Some people called Lord Krishna an incarnation of Lord Kshirodakasayi. All these names are true; nothing is impossible.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
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हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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