श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 3: अंत्य-खण्ड  »  अध्याय 2: भगवान के भुवनेश्वर और अन्य स्थानों से जगन्नाथ पुरी तक के यात्रा का वर्णन,  »  श्लोक 327
 
 
श्लोक  3.2.327 
সর্ব-ভূত-অন্তর্যামী দেবকীনন্দন
সকল বৃত্তান্ত জানিলেন সেই-ক্ষণ
सर्व-भूत-अन्तर्यामी देवकीनन्दन
सकल वृत्तान्त जानिलेन सेइ-क्षण
 
 
अनुवाद
देवकीपुत्र, जो समस्त जीवों के परमात्मा हैं, तुरन्त ही सारी स्थिति समझ गये।
 
Devakiputra, who is the Supreme Soul of all living beings, immediately understood the entire situation.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)