श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 3: अंत्य-खण्ड  »  अध्याय 2: भगवान के भुवनेश्वर और अन्य स्थानों से जगन्नाथ पुरी तक के यात्रा का वर्णन,  »  श्लोक 223
 
 
श्लोक  3.2.223 
নিত্যানন্দ-প্রতি প্রভু জিজ্ঞাসে আপনি
“কি লাগিঽ ভাঙ্গিলা দণ্ড কহ দেখি শুনি”
नित्यानन्द-प्रति प्रभु जिज्ञासे आपनि
“कि लागिऽ भाङ्गिला दण्ड कह देखि शुनि”
 
 
अनुवाद
तब भगवान ने नित्यानंद से पूछा, "मुझे बताओ कि तुमने मेरा दंड क्यों तोड़ा?"
 
Then the Lord asked Nityananda, “Tell me why you broke my stick?”
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)