श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 3: अंत्य-खण्ड  »  अध्याय 10: श्री पुण्डरीक विद्यानिधि की महिमा  »  श्लोक 96
 
 
श्लोक  3.10.96 
পট্ট-নেত—শুক্ল, পীত, নীল নানা বর্ণে
দিব্য বস্ত্র দেন, মুক্তা রচিত সুবর্ণে
पट्ट-नेत—शुक्ल, पीत, नील नाना वर्णे
दिव्य वस्त्र देन, मुक्ता रचित सुवर्णे
 
 
अनुवाद
भगवान के विग्रह स्वरूप को मोती और सोने से सुसज्जित उत्तम सफेद, पीले और नीले रेशमी वस्त्र अर्पित किए गए।
 
The deity of the Lord was offered fine white, yellow and blue silk clothes decorated with pearls and gold.
तात्पर्य
पट्टा-नेता शब्द का अर्थ "महीन रेशमी कपड़ा" होता है (पट्टा शब्द का अर्थ है जूट, रेशम आदि और नेता शब्द का अर्थ है महीन कपड़ा)।
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)