श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 9: भगवान का इक्कीस घंटे का भावोन्माद और श्रीधर और अन्य भक्तों के लक्षणों का वर्णन  »  श्लोक 118
 
 
श्लोक  2.9.118 
শুনিঽ ভাসে গঙ্গাদাস আনন্দ-সাগরে
হেন লীলা করে প্রভু গৌরাঙ্গ-সুন্দরে
शुनिऽ भासे गङ्गादास आनन्द-सागरे
हेन लीला करे प्रभु गौराङ्ग-सुन्दरे
 
 
अनुवाद
ये शब्द सुनकर गंगादास आनंद के सागर में तैर गए। भगवान गौरसुंदर की लीलाएँ ऐसी ही हैं।
 
Hearing these words, Gangadasa floated in an ocean of bliss. Such are the pastimes of Lord Gaurasundara.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)