অচিন্ত্য আবেশ সেই বুঝন না যায
যখন যে হয, সেই অপূর্ব দেখায
अचिन्त्य आवेश सेइ बुझन ना याय
यखन ये हय, सेइ अपूर्व देखाय
अनुवाद
भगवान की अकल्पनीय मनोदशाओं को कोई नहीं समझ सकता था। वे जो भी भाव धारण करते, वह अत्यंत मनमोहक प्रतीत होता था।
No one could understand the Lord's unimaginable moods. Whatever expression He assumed, it appeared utterly captivating.
तात्पर्य
भगवान ऐसा कोई भी भाव दिखाएं जो पहले कभी न देखा हो वह अत्यंत विलक्षण दिखता था। ये भाव वास्तव में भौतिक विचार से परे के क्षेत्र में स्थित थे और इसलिए सामान्य लोगों के लिए असाधारण थे।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥