श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 8: भगवान की आभूषण का प्रकटन  »  श्लोक 48
 
 
श्लोक  2.8.48 
মুঞি দেখোঙ্ বারে বারে নৈবেদ্যের সাজে
আধা-আধি না থাকে, না কহোঙ্ কারে লাজে
मुञि देखोङ् बारे बारे नैवेद्येर साजे
आधा-आधि ना थाके, ना कहोङ् कारे लाजे
 
 
अनुवाद
"मैं अक्सर देखता हूँ कि मेरे द्वारा परोसे जाने वाले आधे खाने-पीने की चीज़ें गायब हो जाती हैं। शर्मिंदगी महसूस करते हुए, मैं इस बारे में किसी को नहीं बताता।"
 
"I often find that half of the food and drinks I serve go missing. Feeling embarrassed, I don't tell anyone about it."
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)